Senior Citizen Travel: सीनियर सिटीजन यात्रा क्यों करें? वृद्धावस्था में यात्रा करने के फायदे।

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Senior Citizen Travel: इस खूबसूरत संसार को देखने के लिए जिन्होंने आपको जन्म दिया, जिन्होंने आपको गोद में बिठाकर, कंधे पर उठाकर मेले और मंदिरों में ईश्वर प्रतिमाओं के दर्शन करवाए, जिन्होंने आपको चलना, दौड़ना, खाना, बोलना, हंसना, मुस्कुराना सिखाया, जिन्होंने प्रकृति से प्रेम करना सिखाया।


सीनियर सिटीजन यात्रा क्यों करें?  वृद्धावस्था में यात्रा करने के फायदे।
बड़की मां-पिताजी और मां-बाबूजी खूबसूरत मुस्कुराहट के साथ मेघालय के एक खूबसूरत पर्यटन स्थल पर

जिन्होंने आपके लिए अनगिनत संघर्ष और परिवर्तनों का सामना किया है। जिनकी छांव में आपने जीवन के हर पल का आनंद लिया है। क्या आपने उन्हें कभी यात्रा का आनंद लिया है? क्या उन्हें उनके मुताबिक उनके होंठों पर मुस्कान आई है।


यात्राएं जैसे बच्चों अथवा युवाओं के लिए सीखने का माध्यम बनती हैं उसी तरह हमारे बुजुर्गों के लिए भी नए अनुभव का माध्यम बनती हैं जिससे स्वास्थ्य लाभ, मानसिक शांति, धार्मिक संतोष एवं आध्यात्मिक अनुभव मिलता है। बुजुर्गों के साथ घुमक्कड़ी करने से वृद्ध अभिभावकों में स्वतंत्रता का अनुभव होता है।


वृद्धावस्था में यात्रा करने से अनेक अविस्मरणीय स्मृतियों का संचय होता है, जीने की उत्कंठा बढ़ती है, आत्म-विश्वास बढ़ता है, धार्मिक स्थलों और धार्मिक आयोजनों का आनंद लेने का अवसर प्रदान करती है, विभिन्न कला, संस्कृति, और ऐतिहासिक स्थलों का अनुभव करने का मौका मिलता है, परिवार के साथ समय बिताने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है, जो उनके लिए बेहद मूल्यवान होता है।


सीनियर सिटिजन्स की यात्रा प्लान करने से पहले इतना जरूर रखें ध्यान

बुजुर्गों (Senior Citizens)  यात्रा के लिए आपको कुछ महत्वपूर्ण बातें ध्यान में रखनी चाहिए। पहले तो, आपको उनके स्वास्थ्य का पूरी तरह से ध्यान देना चाहिए, डॉक्टर से एक बार चैकअप अवश्य करवा लें एवं यात्रा पूर्व उनकी सलाह अवश्य लेनी चाहिए। उन्हें यात्रा की योजना बनाने से पहले उपयुक्त सावधानियां बरतनी चाहिए जरूरी मेडिसिन स्वास्थ्य जांच करने वाले हल्के फुल्के उपकरण, फर्स्ट ऐड इत्यादि की व्यवस्था अवश्य कर लें। जिस जगह जा रहें हो वहां के यातायात संबधी सुविधाओं एवं असुविधाओं के बारे में जानकारी अवश्य कर लेनी चाहिए, ताकि वे सुरक्षित रूप से यात्रा कर सकें।


यह पोस्ट पढ़कर अगर आपको अपना बचपन, गांव-घर और अपने माता-पिता की याद आ रही है तो आपमें आपका बचपन जिंदा है। अभी भी समय है, समय निकालिए और अपने अभिभावकों के संग एक छोटी सी सुरक्षा सहित घुमक्कड़ी दिल ♥️ से अवश्य करिए।


ख्वाजा मीर दर्द की शायरी "सैर कर दुनिया की ग़ाफ़िल ज़िंदगानी फिर कहाँ, जिंदगानी गर कुछ रही तो नवजवानी फिर कहाँ। को बस शायरी ही रहने दीजिए। और आप जिस उम्र में है अपनी शारीरिक और आर्थिक क्षमता अनुसार अवश्य घुमक्कड़ी करिए।


यात्रा को लेकर क्या कहते हैं वरिष्ठ घुमक्कड़

वरिष्ठ नागरिक यात्रा (Senior Citizen Travel) इस विचार का प्रमाण है कि ज्ञान, मनोरंजन, स्वास्थ्य, रोमांच और अन्वेषण के लिए उम्र कोई बाधा नहीं है। बढ़ती उम्र को बिना कोई तवज्जो दिए यात्रा करना शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक शांति प्रदान करता है। उचित योजना और विचार-विमर्श के साथ, वरिष्ठ नागरिक ऐसी यात्राएं शुरू कर सकते हैं जो न केवल उनकी आत्माओं को फिर से जीवंत करती हैं बल्कि उनके लिए स्थाई यादें भी बनाती हैं। वरिष्ठ नागरिक यह साबित कर रहे हैं कि यह दुनियां पहले भी उनकी थी और इस बढ़ती उम्र में भी घुमक्कड़ी के लिए इस दुनिया में बहुत कुछ है।


जानिए विभिन्न प्रतिष्ठित यात्रा समूह के वरिष्ठ घुमक्कड़ों के विचार



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3टिप्पणियाँ
  1. बहुत ही अच्छी बात कही, और फोटो उससे भी ज्यादा अच्छी है

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  2. बूढ़ी होती हड्डियों को उत्साह और साहस का तड़का..... घूमो, घुमक्कड़ी दिल से के संग

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